9 मार्च 2026, नई दिल्ली
रोज़ाना हेल्दी स्नैक के रूप में नट्स (मेवे) खाने की आदत तेजी से बढ़ रही है। सुबह बादाम, चाय के साथ मूंगफली या शाम को काजू जैसे मेवे लोगों की डाइट का अहम हिस्सा बनते जा रहे हैं। लेकिन हेल्थ-कॉन्शस लोगों के बीच एक सवाल अक्सर उठता है—क्या रोज़ाना स्नैक के लिए कच्चे (रॉ) नट्स बेहतर हैं या भुने हुए (रोस्टेड) नट्स? पोषण, स्वाद और सेहत के नजरिए से दोनों के बीच कुछ अहम अंतर देखने को मिलते हैं।
पोषक तत्वों की मात्राकच्चे नट्स में गर्मी का असर नहीं पड़ता, इसलिए इनमें मौजूद विटामिन-E और एंटीऑक्सीडेंट जैसे संवेदनशील पोषक तत्व अधिक मात्रा में सुरक्षित रहते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार भूनने की प्रक्रिया के दौरान कुछ पोषक तत्वों में हल्की कमी आ सकती है और वसा में ऑक्सीकरण बढ़ सकता है। हालांकि यह बदलाव इतना बड़ा नहीं होता कि नट्स के स्वास्थ्य लाभ पूरी तरह कम हो जाएं।
पाचन और स्वादनट्स को भूनने से उनका स्वाद, खुशबू और कुरकुरापन बढ़ जाता है, जिससे कई लोगों को वे ज्यादा स्वादिष्ट लगते हैं। कुछ अध्ययनों के मुताबिक भूनने से फाइटिक एसिड जैसे एंटी-न्यूट्रिएंट कम हो सकते हैं, जिससे शरीर में खनिजों का अवशोषण बेहतर हो सकता है और पाचन भी आसान हो जाता है। यही कारण है कि कई लोग भुने नट्स को रोज़ाना स्नैक के रूप में ज्यादा पसंद करते हैं।
तेल और वसा की मात्राड्राई रोस्टेड नट्स में प्राकृतिक वसा लगभग उतनी ही होती है जितनी कच्चे नट्स में। लेकिन बाजार में मिलने वाले कई रोस्टेड नट्स में अतिरिक्त तेल और नमक मिलाया जाता है, जिससे उनकी कैलोरी बढ़ सकती है। इसलिए पैकेट वाले नट्स खरीदते समय यह देखना जरूरी है कि उनमें अतिरिक्त तेल, नमक या शक्कर न डाली गई हो।
सुरक्षा से जुड़े पहलूकच्चे नट्स में बैक्टीरिया होने की संभावना थोड़ी अधिक होती है क्योंकि उन्हें गर्मी से नहीं गुजारा जाता। भूनने से नट्स की नमी कम हो जाती है और संभावित हानिकारक बैक्टीरिया नष्ट हो सकते हैं। इसी वजह से भुने नट्स लंबे समय तक स्टोर करने और यात्रा में साथ रखने के लिए अपेक्षाकृत सुरक्षित माने जाते हैं।
कौन-सा विकल्प बेहतर है?यदि आपका लक्ष्य अधिकतम पोषक तत्व प्राप्त करना और अतिरिक्त नमक या तेल से बचना है, तो कच्चे नट्स बेहतर विकल्प हो सकते हैं। वहीं जिन लोगों को कुरकुरा स्वाद पसंद है या जिन्हें कच्चे नट्स पचाने में कठिनाई होती है, उनके लिए बिना नमक और तेल वाले ड्राई रोस्टेड नट्स भी अच्छा विकल्प हैं।
संतुलित मात्रा में खाए जाएं तो कच्चे और भुने दोनों प्रकार के नट्स स्वस्थ आहार का हिस्सा बन सकते हैं। कच्चे नट्स में पोषण थोड़ा अधिक हो सकता है, जबकि भुने नट्स स्वाद और पाचन के लिहाज से कई लोगों को ज्यादा अनुकूल लगते हैं।



