वाशिंगटन 24 फरवरी 2026।
अमेरिका के न्यूयॉर्क शहर और उत्तर-पूर्वी हिस्सों में आए भीषण बर्फीले तूफान ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। न्यूयॉर्क में करीब 50 सेंटीमीटर बर्फ गिरी है, जिससे स्कूल बंद कर दिए गए, सड़क परिवहन ठप हो गया और बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। इस तूफान के कारण लगभग 5,000 उड़ानें रद्द कर दी गईं और शनिवार से मंगलवार तक 10 हजार से ज्यादा उड़ानें कैंसिल हो चुकी हैं, जिससे लाखों यात्री प्रभावित हुए हैं।
सीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार उत्तर-पूर्वी अमेरिका के मैरीलैंड से लेकर मेन तक के क्षेत्र भारी बर्फ की चादर से ढक गए हैं। यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा और मंगलवार के लिए भी 1300 से अधिक उड़ानों को पहले ही रद्द कर दिया गया। न्यूयॉर्क के जेएफके, लागार्डिया और बोस्टन के लोगान हवाई अड्डे सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। कई राज्यों में आपात स्थिति घोषित कर दी गई है और लाखों लोग बिजली के बिना रहने को मजबूर हैं।
राष्ट्रीय मौसम सेवा ने चेतावनी दी है कि भारी बर्फबारी और तेज हवाओं के कारण खतरनाक स्थिति बनी रह सकती है। मौसम वैज्ञानिकों ने इस तूफान को एक दशक का सबसे शक्तिशाली तूफान बताते हुए इसे ‘बम चक्रवात’ कहा है, जो तब बनता है जब 24 घंटे में तूफान का वायुमंडलीय दबाव तेजी से गिरता है। आर्कटिक की ठंडी हवा और गर्म तापमान के टकराव से ऐसा तूफान बनता है। कई स्थानों पर 60 सेंटीमीटर से अधिक बर्फ गिरी, जबकि रोड आइलैंड के वारविक में तीन फीट से ज्यादा बर्फबारी दर्ज हुई।
तूफान के कारण न्यूयॉर्क, न्यू जर्सी और मैसाचुसेट्स समेत कई राज्यों में आपातकाल घोषित किया गया है। न्यूयॉर्क सिटी और बोस्टन में स्कूल बंद कर दिए गए, जबकि फिलाडेल्फिया में ऑनलाइन पढ़ाई शुरू की गई। न्यूयॉर्क के मेयर ने लोगों से घर पर रहने की अपील की। फ्लाइट ट्रैकिंग वेबसाइट के अनुसार अमेरिका आने-जाने वाली 5 हजार से अधिक उड़ानें रद्द कर दी गई हैं।
रोड आइलैंड के टीएफ ग्रीन इंटरनेशनल एयरपोर्ट को भी अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा। न्यूयॉर्क में सबवे सेवाएं देरी से चल रही हैं और लॉन्ग आइलैंड रेल मार्ग को अगली सूचना तक रोक दिया गया है। न्यू जर्सी ट्रांजिट ने भी बस और रेल सेवाएं स्थगित कर दी हैं। तूफान के कारण 5 लाख से अधिक ग्राहक बिजली कटौती से प्रभावित हुए हैं।
न्यूयॉर्क की गवर्नर ने कहा कि बिजली बहाल करने के प्रयास जारी हैं, लेकिन तेज हवाओं के कारण काम में बाधा आ रही है। संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय को भी बंद करना पड़ा और सुरक्षा परिषद की बैठक स्थगित कर दी गई। छह साल में पहली बार इतनी भारी बर्फबारी के कारण स्कूल बंद हुए हैं और डिलीवरी सेवाओं ने भी काम रोक दिया है।


