जयपुर, 14 मार्च।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शनिवार को जयपुर स्थित अल्बर्ट हॉल से प्रदेशव्यापी स्वच्छता संकल्प एवं जन-जागरण अभियान का शुभारंभ किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने श्रमदान कर स्वच्छता का संदेश दिया। उन्होंने नगर निगम के सफाईकर्मियों को व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण वितरित किए और प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत लाभार्थियों को प्रतीकात्मक धनादेश प्रदान किए।
मुख्यमंत्री ने उपस्थित नागरिकों को स्वच्छता बनाए रखने की शपथ दिलाई और रामनिवास बाग में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि स्वच्छता स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण और आर्थिक प्रगति का आधार है। 19 मार्च को राज्यभर में राजस्थान दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा, जिसकी शुरुआत स्वच्छता अभियान से की गई है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा प्रारंभ किया गया स्वच्छ भारत अभियान अब एक जन-आंदोलन बन चुका है। यह अभियान केवल सड़कों और नालियों तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों के व्यवहार में भी सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास है। प्रदेश में स्वच्छता से जुड़े कार्यक्रम, जल महल की पाल और मानसरोवर सिटी पार्क में आयोजित किए जा चुके हैं। ‘वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान’ में लगभग ढाई करोड़ नागरिकों ने भाग लिया।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत राजस्थान में दो लाख अठहत्तर हजार से अधिक व्यक्तिगत शौचालय और चार हजार से अधिक सामुदायिक शौचालय बनाए गए हैं। राजस्थान के लगभग सभी गांव खुले में शौच से मुक्त घोषित किए जा चुके हैं। ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान 2025 में राजस्थान देश में प्रथम स्थान पर रहा। स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 में उदयपुर और जयपुर शीर्ष बीस स्वच्छ शहरों में शामिल हुए, जबकि डूंगरपुर को ‘सुपर स्वच्छ लीग सिटी’ का सम्मान प्राप्त हुआ।
कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद मदन राठौड़, विधायक गोपाल शर्मा, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के ब्रांड दूत के. के. गुप्ता सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, सफाईकर्मी और आमजन उपस्थित रहे।



