पूर्णिया, 12 मार्च।
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार गुरुवार को समृद्धि यात्रा के तहत पूर्णिया पहुंचे। वे हेलीकॉप्टर से पूर्णिया एयरपोर्ट पहुंचे और वहां से सीधे माता पूरण देवी मंदिर जाकर पूजा-अर्चना की। इसके बाद उन्होंने क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी ली और लगभग 11:30 बजे रंगभूमि मैदान में आयोजित जनसभा में पहुंचे, जहां राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया।
मुख्यमंत्री के मंच पर पहुंचने पर राजग के सभी जिला अध्यक्षों ने उन्हें मखाने की माला पहनाकर अभिनंदन किया। इस अवसर पर मंच पर जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, मंत्री श्रवण कुमार, खाद एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री लेसी सिंह, पूर्णिया सदर विधायक विजय खेमका, रूपौली विधायक कलाधर मंडल, बनमनखी विधायक कृष्ण कुमार ऋषि समेत कई जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि जब उन्हें बिहार की जिम्मेदारी मिली थी, उस समय राज्य की स्थिति काफी कमजोर थी। उन्होंने बताया कि कानून-व्यवस्था सुधारने, सड़क और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने के लिए लगातार काम किया गया है। उन्होंने कहा कि सात निश्चय योजना, हर घर नल का जल, जीविका समूहों को सशक्त बनाने और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए सरकार निरंतर प्रयास कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में अब बिजली और सड़क के बाद औद्योगिक विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि कई नई फोरलेन सड़कों के निर्माण की योजना बनाई गई है और गांवों की सड़कों को भी चौड़ा किया जाएगा। उन्होंने धमदाहा से पूर्णिया तक फोरलेन सड़क और पटना से पूर्णिया तक एक्सप्रेस हाईवे बनाने की दिशा में कार्य किए जाने की बात भी कही।
नीतीश कुमार ने पूर्णिया को धार्मिक पर्यटन के रूप में विकसित करने की योजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि माता पूरण देवी मंदिर और मां कामाख्या मंदिर को जोड़ते हुए धार्मिक कॉरिडोर विकसित करने की दिशा में काम किया जा रहा है, जिससे पर्यटन और आस्था दोनों को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने मखाना बोर्ड के गठन का भी जिक्र करते हुए कहा कि इस विषय पर केंद्र सरकार से बातचीत चल रही है, ताकि मखाना उत्पादकों को बेहतर लाभ मिल सके।
मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार के सहयोग से बिहार का बजट लगभग 3 लाख 40 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। कई महिलाओं के खातों में 10 हजार रुपये की सहायता राशि भेजी जा चुकी है और जिनके खाते में राशि नहीं पहुंची है, उन्हें भी जल्द उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वरोजगार के क्षेत्र में आगे बढ़ने वाली महिलाओं को दो लाख रुपये तक की सहायता प्रदान की जाएगी।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री सुबह लगभग 11:10 बजे पूरण देवी मंदिर पहुंचे और 11:30 बजे रंगभूमि मैदान में सभा को संबोधित करने के बाद कार्यक्रम समाप्त कर कटिहार के लिए रवाना हो गए।
सभा को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बिहार की जनता के हितों को प्राथमिकता देने वाले नेता हैं और सभी वर्गों को साथ लेकर आगे बढ़ना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी भी बिहार के विकास के लिए मुख्यमंत्री के साथ मिलकर कार्य कर रहे हैं।
जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा समय-समय पर निकाली गई विभिन्न विकास यात्राओं से बिहार के विकास की नई कहानियां लिखी गई हैं। इन यात्राओं ने राज्य को अलग-अलग क्षेत्रों में आगे बढ़ाने का कार्य किया है।
मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश और बिहार में उल्लेखनीय विकास हुआ है। उन्होंने कहा कि आज का बिहार पहले की तुलना में अधिक विकसित और सशक्त राज्य बन चुका है।
खाद एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री लेसी सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा बिहार के लिए किए गए कार्य इतिहास में दर्ज किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें आगे बढ़ने का अवसर देने में मुख्यमंत्री की नीतियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।



