उत्तर प्रदेश
11 Mar, 2026

शाहजहांपुर में कार और बस की भीषण भिड़ंत, तीन की मौत, दो गंभीर रूप से घायल

शाहजहांपुर के अल्लाहगंज क्षेत्र में कार और रोडवेज बस की जोरदार भिड़ंत में तीन लोगों की जान चली गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।

शाहजहांपुर, 11 मार्च।

उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जनपद के अल्लाहगंज थाना क्षेत्र में बुधवार सुबह कार और रोडवेज बस के बीच आमने-सामने हुई टक्कर में कार सवार तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को उपचार के लिए फर्रुखाबाद के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

अल्लाहगंज थाना प्रभारी निरीक्षक ओमप्रकाश ने बताया कि बुधवार सुबह एक कार सुगसुगी मोड़ के पास पहुंची ही थी कि सामने से आ रही रोडवेज बस से उसकी जोरदार टक्कर हो गई। दुर्घटना इतनी भीषण थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। सूचना मिलने के बाद पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की सहायता से कार में फंसे सभी लोगों को बाहर निकाला।

उन्होंने बताया कि इस हादसे में कार में सवार तीन लोगों की मौके पर ही मृत्यु हो गई। मृतकों की पहचान जनपद लखीमपुर खीरी के निवासी अरुण, ऋषभ और संजय के रूप में हुई है। वहीं गौरव और अनिल इस दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी की उम्र लगभग 28 से 35 वर्ष के बीच बताई गई है।

पुलिस ने मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, जबकि घायलों को उपचार के लिए फर्रुखाबाद के लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके साथ ही पुलिस ने दोनों क्षतिग्रस्त वाहनों को कब्जे में लेकर घटना की जांच शुरू कर दी है।

|
आज का राशिफल

पूर्व नियोजित कार्यक्रम सरलता से संपन्न हो जाएंगे। जोखिम से दूर रहना ही बुद्घिमानी होगी। शुभ कार्यों की प्रवृत्ति बनेगी और शुभ समाचार भी मिलेंगे। किसी से कहा सुनी न हो यही ध्यान रहे। अपना कार्य दूसरों के सहयोग से बना लेंगे। लाभकारी गतिविधियों में सक्रियता रहेगी। शुभांक-1-4-6

आज का मौसम

भोपाल

16° / 26°

Rainy

ट्रेंडिंग न्यूज़

१५ मार्च की एकादशी: वह रात जब आस्था, संयम और ब्रह्मांडीय समय एक साथ आते हैं

१५ मार्च की पापमोचनी एकादशी केवल व्रत नहीं, बल्कि आत्मशुद्धि का दिन मानी जाती है—मान्यता है कि इस दिन का उपवास पुराने कर्मों को हल्का कर देता है।

एकादशी का रहस्य: जब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति ने जन्म लिया और अधर्म को चुनौती दी

हजारों साल पुरानी कथा कहती है कि एक भयंकर दैत्य के आतंक से संसार कांप उठा, तब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति से जन्मी “एकादशी” ने अधर्म का अंत किया।

एकादशी का रहस्य: जब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति ने जन्म लिया और अधर्म को चुनौती दी

हजारों साल पुरानी कथा कहती है कि एक भयंकर दैत्य के आतंक से संसार कांप उठा, तब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति से जन्मी “एकादशी” ने अधर्म का अंत किया।

एकादशी का रहस्य: जब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति ने जन्म लिया और अधर्म को चुनौती दी

हजारों साल पुरानी कथा कहती है कि एक भयंकर दैत्य के आतंक से संसार कांप उठा, तब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति से जन्मी “एकादशी” ने अधर्म का अंत किया।

एकादशी का रहस्य: जब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति ने जन्म लिया और अधर्म को चुनौती दी

हजारों साल पुरानी कथा कहती है कि एक भयंकर दैत्य के आतंक से संसार कांप उठा, तब भगवान विष्णु की दिव्य शक्ति से जन्मी “एकादशी” ने अधर्म का अंत किया।