बगदाद, 12 मार्च 2026।
ईरान और अमेरिका-इजराइल के बीच जारी सैन्य संघर्ष के बीच इराक में आज सुबह अमेरिकी वाणिज्य दूतावास और एरबिल इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास जोरदार विस्फोट हुआ। यह हमला खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव और ईरान के निरंतर हमलों की चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है।
सूचना के अनुसार, गुरुवार सुबह एरबिल में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास और हवाईअड्डा इलाके के पास जबरदस्त धमाका हुआ। ईरान ने खाड़ी देशों के खिलाफ लगातार ड्रोन और मिसाइल हमले किए हैं, जिसमें तेल भंडारण केंद्र और टैंकर भी निशाने पर हैं। इस हमले से एरबिल इंटरनेशनल एयरपोर्ट के आसपास धुआं उठता दिखा।
इससे पहले, इराक के समुद्री इलाके में ईरानी ड्रोन ने दो विदेशी तेल टैंकरों पर हमला किया। इस हमले में कम से कम एक व्यक्ति की मौत हुई जबकि 38 अन्य को सुरक्षित बचा लिया गया। ईरान ने इस हमले की जिम्मेदारी ली और कहा कि जलमार्ग के नीचे ड्रोन से टैंकर को निशाना बनाया गया।
सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि उसने देश के पूर्वी हिस्सों में 20 से अधिक ड्रोन को रोककर नष्ट कर दिया। वहीं बहरीन ने अपने उत्तरी हिस्से में फ्यूल टैंक पर ईरानी हमले की सूचना दी और लोगों को घरों में रहने और खिड़कियां बंद रखने की चेतावनी दी।
संयुक्त अरब अमीरात ने भी एयर डिफेंस के जरिए ईरान से आने वाले मिसाइल और ड्रोन खतरों का जवाब देने की जानकारी दी। दुबई में क्रीक हार्बर के पास एक बिल्डिंग पर ड्रोन गिरा, जिससे मामूली आग लगी जिसे तुरंत बुझा दिया गया। कुवैत की सेना ने भी अपने एयर डिफेंस सिस्टम के माध्यम से दुश्मन के मिसाइल और ड्रोन खतरों का मुकाबला कर रही है।
इराक ने ईरान से संयम बरतने की अपील की है। तेल मंत्रालय ने कहा कि फारस की खाड़ी में टैंकरों पर हमले से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर प्रभाव पड़ सकता है और समुद्री रास्तों की सुरक्षा के लिए गंभीर कदम उठाने की जरूरत है।



