9 मार्च 2026, नई दिल्ली
गुजरात के सूरत में दो कॉलेज छात्राओं की संदिग्ध मौत ने पूरे देश को चिंता में डाल दिया है। पुलिस जांच में पता चला है कि दोनों युवतियों ने आत्महत्या से जुड़े तरीकों की जानकारी पाने के लिए चैटजीपीटी का सहारा लिया था। इस घटना पर सोशल मीडिया मंच एक्स के मालिक और टेस्ला के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एलन मस्क ने भी प्रतिक्रिया दी है। एक पोस्ट पर उन्होंने केवल एक शब्द लिखते हुए कहा, “याइक्स”, जिससे इस घटना पर उनकी हैरानी जाहिर हुई।
सूरत में क्या हुआपुलिस के अनुसार 18 से 20 वर्ष की उम्र की दो युवतियां शुक्रवार सुबह कॉलेज जाने के लिए घर से निकली थीं, लेकिन शाम तक वापस नहीं लौटीं। इसके बाद उनके परिवार वालों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
मोबाइल फोन की लोकेशन ट्रैक करने पर पुलिस को सूरत के स्वामीनारायण मंदिर तक सुराग मिला। मंदिर परिसर के बाहर एक युवती का स्कूटर खड़ा मिला। इसके बाद पुलिस ने मंदिर के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की, जिसमें दोनों युवतियां मंदिर के वॉशरूम में जाती हुई दिखाई दीं। कुछ समय बाद दोनों के शव उसी वॉशरूम में पाए गए।
घटनास्थल से पुलिस को बेहोशी की दवा (एनेस्थेटिक) की बोतलें और सिरिंज भी बरामद हुईं। इससे आशंका जताई जा रही है कि युवतियों ने इंजेक्शन के जरिए अपनी जान ली।
जांच में सामने आया चौंकाने वाला तथ्यसूरत शहर के सहायक पुलिस आयुक्त एन. पी. गोहिल के मुताबिक दोनों युवतियां बचपन की दोस्त थीं। उनमें से एक पहली वर्ष की वाणिज्य (कॉमर्स) की छात्रा थी, जबकि दूसरी दूसरे वर्ष में पढ़ाई कर रही थी।
पुलिस ने बताया कि जब दोनों के मोबाइल फोन की जांच की गई, तो उसमें चैटजीपीटी पर किए गए सर्च सामने आए। युवतियों ने आत्महत्या के लिए किन दवाओं का इस्तेमाल किया जा सकता है, इस बारे में जानकारी खोजी थी।
इसके अलावा उनके फोन की फोटो गैलरी में एक समाचार रिपोर्ट का स्क्रीनशॉट भी मिला, जिसमें एक महिला द्वारा एनेस्थेटिक इंजेक्शन लगाकर आत्महत्या करने की खबर दिखाई दे रही थी। पुलिस फिलहाल इस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि किन परिस्थितियों ने दोनों को इतना बड़ा कदम उठाने के लिए मजबूर किया।
एलन मस्क और चैटजीपीटी विवादइस घटना पर एलन मस्क की प्रतिक्रिया ऐसे समय सामने आई है, जब उनका चैटजीपीटी बनाने वाली कंपनी ओपनएआई के साथ कानूनी विवाद चल रहा है। मस्क लंबे समय से चैटजीपीटी की आलोचना करते रहे हैं और अक्सर एक्स के कृत्रिम बुद्धिमत्ता चैटबॉट ग्रोक को बेहतर विकल्प बताते हैं।
मस्क ने ओपनएआई के खिलाफ मुकदमा भी दायर किया है। उनका आरोप है कि कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सैम ऑल्टमैन और अध्यक्ष ग्रेग ब्रॉकमैन ने ओपनएआई के उस मूल उद्देश्य को छोड़ दिया है, जिसके तहत तकनीक को सभी के लिए सुलभ और ओपन सोर्स रखना था। मस्क का कहना है कि अब कंपनी इसे मुनाफे पर आधारित बंद प्रणाली में बदल रही है।
एक बयान में मस्क ने यह भी कहा था कि ग्रोक के कारण किसी व्यक्ति द्वारा आत्महत्या करने की कोई खबर सामने नहीं आई है, जबकि चैटजीपीटी को लेकर ऐसे मामलों की चर्चा हुई है। इसके अलावा वह चैटजीपीटी पर पक्षपातपूर्ण और जरूरत से ज्यादा जटिल जवाब देने का आरोप भी लगाते रहे हैं।



