नई दिल्ली, 16 फरवरी।
फ्रैक्टल एनालिटिक्स के शेयरों ने सोमवार को शेयर बाजार में कमजोर शुरुआत कर आईपीओ निवेशकों को निराश कर दिया। सिटीबैंक, फ्रेंकलिन टेंपलटन और फिलिप्स जैसी वैश्विक कंपनियों को ग्लोबल एंटरप्राइज एआई सेवाएं देने वाली इस कंपनी का आईपीओ 900 रुपये प्रति शेयर के भाव पर जारी हुआ था।
बीएसई पर कंपनी के शेयर की लिस्टिंग बिना किसी बदलाव के 900 रुपये पर हुई, जबकि एनएसई पर यह 2.67 प्रतिशत के डिस्काउंट के साथ 876 रुपये पर सूचीबद्ध हुआ। लिस्टिंग के बाद बिकवाली का दबाव बढ़ने से शेयर में और गिरावट दर्ज की गई। सुबह 11:30 बजे तक कंपनी का शेयर 862.10 रुपये के स्तर पर कारोबार कर रहा था। इस प्रकार अब तक के कारोबार में आईपीओ निवेशकों को 4.21 प्रतिशत तक का नुकसान हो चुका है।
2,840 करोड़ रुपये का यह आईपीओ 9 से 11 फरवरी के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। निवेशकों की ओर से इसे औसत प्रतिक्रिया मिली और यह कुल मिलाकर 2.81 गुना सब्सक्राइब हुआ। क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (क्यूआईबी) के लिए आरक्षित हिस्सा 4.41 गुना सब्सक्राइब हुआ, जबकि नॉन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (एनआईआई) का हिस्सा 1.11 गुना भरा। रिटेल निवेशकों का कोटा 1.10 गुना और कर्मचारियों के लिए आरक्षित हिस्सा 0.65 गुना ही सब्सक्राइब हो सका।
आईपीओ के तहत 1,030 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए गए हैं, जबकि ऑफर फॉर सेल के माध्यम से एक रुपये फेस वैल्यू वाले 2,01,15,554 शेयर बेचे गए। नए शेयरों से जुटाई गई राशि का उपयोग कंपनी अपने पुराने कर्ज को कम करने, नए कार्यालय स्थापित करने, अनुसंधान एवं विकास (आर एंड डी), मार्केटिंग और सामान्य कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए करेगी।
कंपनी की वित्तीय स्थिति पर नजर डालें तो सेबी के पास दाखिल ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (डीआरएचपी) के अनुसार इसके प्रदर्शन में उतार-चढ़ाव रहा है। वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी को 194.40 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था। इसके बाद वित्त वर्ष 2023-24 में 54.70 करोड़ रुपये का शुद्ध नुकसान दर्ज किया गया। हालांकि वित्त वर्ष 2024-25 में कंपनी ने 220.60 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ अर्जित किया।
मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही, यानी अप्रैल से 30 सितंबर 2025 तक कंपनी को 70.90 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हो चुका है।
राजस्व के मोर्चे पर कंपनी ने लगातार वृद्धि दर्ज की है। वित्त वर्ष 2022-23 में कुल राजस्व 2,043.70 करोड़ रुपये रहा, जो 2023-24 में बढ़कर 2,241.90 करोड़ रुपये और 2024-25 में 2,816.20 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में कंपनी 1,594.30 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित कर चुकी है।



