नई दिल्ली, 09 मार्च।
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के बीच भारतीय मुद्रा रुपये पर दबाव और बढ़ गया है। आज रुपये ने डॉलर के मुकाबले बड़े नुकसान के साथ कारोबार की शुरुआत की और थोड़ी ही देर में 92.35 रुपये प्रति डॉलर के अपने अब तक के सबसे निचले स्तर तक गिर गया। इससे पहले शुक्रवार को रुपये का स्तर 91.74 रुपये प्रति डॉलर था।
इंटर बैंक फॉरेन एक्सचेंज मार्केट में भारतीय मुद्रा ने आज सुबह डॉलर के मुकाबले 46 पैसे की कमजोरी के साथ 92.20 रुपये प्रति डॉलर के स्तर से कारोबार शुरू किया। बाजार खुलने के बाद कच्चे तेल की कीमत में 25 प्रतिशत तक की तेजी ने निवेशकों के मनोबल को प्रभावित किया, जिसके कारण रुपये ने 61 पैसे की गिरावट दर्ज करते हुए 92.35 रुपये प्रति डॉलर का स्तर छू लिया। इसके बाद थोड़ी राहत मिलते हुए दोपहर एक बजे रुपये का स्तर 92.26 रुपये प्रति डॉलर पर कारोबार कर रहा था।
रुपये ने डॉलर के साथ ही अन्य प्रमुख अंतरराष्ट्रीय मुद्राओं के मुकाबले भी कमजोरी दिखाई। दोपहर एक बजे तक ब्रिटिश पौंड (जीबीपी) के मुकाबले रुपया 81.95 पैसे की गिरावट के साथ 123.06 पर पहुंच गया। इसी तरह यूरो के मुकाबले रुपया 41.40 पैसे फिसल कर 106.61 के स्तर पर आ गया। यह हालात संकेत दे रहे हैं कि वैश्विक तेल कीमतों और भू-राजनीतिक तनावों का भारतीय मुद्रा पर प्रतिकूल असर जारी है।



